हमारे ग्रामीण भाइयों और बहनों, तथा देश के कोने-कोने में डिजिटल क्रांति ला रहे हमारे सभी CSC VLEs का cscportal.in पर स्वागत है! गांव-देहातों में रहने वाले हर परिवार का यह सपना होता है कि उनका अपना एक मजबूत और पक्का घर हो, जहां वे धूप, बारिश और आंधी-तूफान से सुरक्षित रहकर अपने बच्चों का भविष्य संवार सकें। अगर आप भी ग्रामीण क्षेत्र में रहते हैं और कच्चे या टूटे-फूटे मकान में रहने को मजबूर हैं, तो आपके लिए PM Gharkul Yojana उम्मीद की एक बहुत बड़ी किरण है। जिसे पूरे भारत में मुख्य रूप से Pradhan Mantri Awas Yojana – Gramin (PMAY-G) कहा जाता है, उसे ही महाराष्ट्र जैसे राज्यों में बेहद आदर और लोकप्रियता के साथ “घरकुल योजना” पुकारा जाता है। आज के इस विस्तृत लेख में हम आपको इस योजना से जुड़ी हर छोटी-बड़ी जानकारी देने जा रहे हैं।
भारत सरकार ने ग्रामीण गरीबों को पक्का मकान देने के इस महाभियान को और मजबूत करते हुए PMAY-G 2.0 की घोषणा की है। इसके अंतर्गत वर्ष 2028-29 तक देश में 2 करोड़ और नए पक्के घर बनाने का लक्ष्य रखा गया है। यदि आप जानना चाहते हैं कि PM Gharkul Yojana 2024: Check Beneficiary List, Eligibility, and Application Status की नई प्रक्रिया क्या है, आपका नाम लाभार्थी सूची में शामिल हुआ है या नहीं, या आपके खाते में आने वाली किस्त का स्टेटस क्या है, तो इस लेख को आखिर तक जरूर पढ़ें। यह संपूर्ण विवरण हमारे द्वारा अगस्त 2026 की नवीनतम सरकारी अधिसूचनाओं और आधिकारिक पोर्टलों की जांच करने के बाद तैयार किया गया है।
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PM Gharkul Yojana (PMAY-G) क्या है और इसके उद्देश्य?
प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना (PMAY-G) की शुरुआत 1 अप्रैल 2016 को की गई थी। इसका प्राथमिक लक्ष्य देश के सभी बेघर परिवारों और ऐसे ग्रामीण परिवारों को जो कच्चे या जर्जर मकानों में रहते हैं, उन्हें बुनियादी सुविधाओं के साथ एक पक्का मकान देना है। इस योजना में बनने वाले मकान का न्यूनतम आकार 25 वर्ग मीटर (लगभग 269 वर्ग फीट) तय किया गया है, जिसमें स्वच्छ रसोई घर (Hygienic Kitchen Area) और अनिवार्य रूप से एक शौचालय होना चाहिए।
यह योजना केवल ईंट-पत्थर का ढांचा खड़ी करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह गांवों के गरीब और वंचित परिवारों को एक सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन देती है। इस योजना की फंडिंग केंद्र और राज्य सरकार मिलकर 60:40 के अनुपात में करती हैं। जबकि पहाड़ी, पूर्वोत्तर और कठिन क्षेत्रों में यह वित्तीय अनुपात 90:10 का होता है।
योजना के अंतर्गत मिलने वाले लाभ और वित्तीय सहायता (Benefits & Subsidies)
PM Gharkul Yojana के तहत लाभार्थियों को केवल मकान बनाने की राशि ही नहीं मिलती, बल्कि अन्य सामाजिक कल्याणकारी योजनाओं को मिलाकर (Convergence) अतिरिक्त लाभ भी प्रदान किए जाते हैं:
- मैदानी (समतल) क्षेत्रों में नया घर बनाने के लिए लाभार्थियों को Rs. 1,20,000 (1.20 लाख रुपये) की डायरेक्ट कैश सब्सिडी दी जाती है।
- पहाड़ी, दुर्गम या नक्सल प्रभावित क्षेत्रों (Difficult / Hilly Areas) के लिए यह अनुदान राशि Rs. 1,30,000 (1.30 लाख रुपये) निर्धारित है।
- यह राशि लाभार्थी के Aadhaar-Linked Bank Account में Direct Benefit Transfer (DBT) के जरिए सीधे भेजी जाती है।
स्वच्छ भारत मिशन (Grameen) के साथ मिलकर लाभार्थी को घर में शौचालय बनाने के लिए अलग से Rs. 12,000 का भुगतान किया जाता है।
लाभार्थी को अपने ही मकान के निर्माण में अकुशल मजदूर (Unskilled Labor) के रूप में कार्य करने का अवसर मिलता है। इसके तहत उन्हें मनरेगा योजना के माध्यम से 90 से 95 दिनों की दैनिक मजदूरी सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाती है।
नया मकान बनने के बाद लाभार्थी को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत मुफ्त एलपीजी गैस कनेक्शन, सौभाग्य योजना के तहत बिजली कनेक्शन और हर घर नल से जल योजना के तहत पेयजल कनेक्शन की सुविधा भी प्राथमिकता पर दी जाती है।
PM Gharkul Yojana किस्तों का विवरण (Installments Table)
लाभार्थी को मिलने वाले वित्तीय अनुदान की राशि को निर्माण कार्य की प्रगति के आधार पर किस्तों में जारी किया जाता है। विभिन्न राज्यों में और महाराष्ट्र की मोदी आवास घरकुल योजना व PMAY-G के तहत किस्तों का ढांचा कुछ इस प्रकार होता है:
| किस्त (Installment) | सहायता राशि (Amount) | किस्त जारी होने की स्थिति (Stage) |
|---|---|---|
| पहली किस्त (First Installment) | Rs. 15,000 से Rs. 60,000 | प्रशासनिक मंजूरी (Sanction Order) मिलने और नींव की खुदाई शुरू होने पर। |
| दूसरी किस्त (Second Installment) | Rs. 45,000 से Rs. 50,000 | प्लिंथ स्तर (Plinth Level) तक का निर्माण कार्य पूरा होने और जियो-टैगिंग के बाद। |
| तीसरी किस्त (Third Installment) | Rs. 10,000 से Rs. 40,000 | खिड़की/लिटर या छत (Roof level) का काम पूरा होने पर। |
| चौथी किस्त (यदि लागू हो) | Rs. 20,000 | मकान का अंतिम प्लास्टर, खिड़की-दरवाजे और रंगाई-पुताई पूरी होने के बाद। |
कौन पात्र है और कौन नहीं? (Eligibility and Exclusions)
सरकार ने इस योजना का लाभ केवल बेहद जरूरतमंद और वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए कुछ कड़े नियम तय किए हैं। नाम स्वीकृत करने से पहले ग्राम सभा इन नियमों का मिलान करती है:
पात्रता मानदंड (Who is Eligible?):
- आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए और संबंधित ग्राम पंचायत का स्थायी निवासी होना चाहिए।
- आवेदक के परिवार के किसी भी सदस्य के पास भारत में कहीं भी कोई पक्का मकान (Pucca House) नहीं होना चाहिए।
- वह परिवार जो बेघर हो या जिसके पास शून्य, एक या अधिकतम दो कमरों वाला ऐसा घर हो जिसकी दीवारें और छत कच्ची मिट्टी/घास की बनी हों।
- प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), विधवा महिलाओं, दिव्यांग जनों, और अत्यंत पिछड़े वर्गों (OBC) को रखा जाता है।
अपात्रता मानदंड (Exclusions – इन्हें लाभ नहीं मिलेगा):
यदि आवेदन करने वाले परिवार में नीचे दी गई कोई भी एक स्थिति पाई जाती है, तो उन्हें इस योजना से स्वतः बाहर (Exclude) कर दिया जाता है:
- परिवार का कोई भी सदस्य सरकारी नौकरी (Government Employee) में हो या आयकर (Income Tax) का भुगतान करता हो।
- परिवार के पास कोई भी तिपहिया या चौपहिया वाहन (जैसे कार, ट्रैक्टर या व्यावसायिक गाड़ी) हो।
- परिवार के पास कृषि उपकरण जैसे पावर टिलर या हार्वेस्टर हो।
- परिवार के पास Rs. 50,000 या उससे अधिक की क्रेडिट लिमिट वाला Kisan Credit Card (KCC) हो।
- परिवार की मासिक आय Rs. 10,000 से अधिक हो।
- घर में रेफ्रिजरेटर (फ्रीज) या लैंडलाइन फोन कनेक्शन मौजूद हो।
आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज (Documents Checklist)
योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन करते समय आपके पास निम्नलिखित दस्तावेजों का होना आवश्यक है:
- आधार कार्ड (Aadhaar Card): लाभार्थी और उनके परिवार के सभी सदस्यों का आधार कार्ड।
- बैंक पासबुक (Bank Passbook): बैंक खाता संख्या और IFSC कोड (खाता आधार कार्ड से लिंक और DBT सक्रिय होना चाहिए)।
- वोटर आईडी कार्ड (Voter ID): पहचान और निवास के पते के प्रमाण के लिए।
- राशन कार्ड (Ration Card): बीपीएल (BPL) राशन कार्ड।
- जमीन का प्रमाण (Land Ownership Documents): उस जमीन के मालिकाना हक का दस्तावेज या पट्टा/7-12 उतारा जहां मकान बनाया जाना है।
- जाति प्रमाण पत्र (Caste Certificate): यदि आप आरक्षित श्रेणी (SC/ST/OBC) के तहत प्राथमिकता का दावा कर रहे हैं।
- मनरेगा जॉब कार्ड: अकुशल श्रम मजदूरी का लाभ लेने के लिए।
- पासपोर्ट साइज फोटो और मोबाइल नंबर: आधार से लिंक मोबाइल नंबर।
PM Gharkul Yojana के लिए आवेदन कैसे करें? (Step-by-Step Registration)
ग्रामीण आवास योजना के अंतर्गत लाभार्थियों का चयन मुख्यतः 2011 की जनगणना (SECC-2011) और 2018-19 में किए गए Awas+ Survey के आधार पर किया जाता है। यदि आपका नाम इस सूची में शामिल नहीं है, तो आप नीचे बताए गए दो तरीकों से आवेदन की प्रक्रिया शुरू कर सकते हैं:
तरीका 1: अपने नजदीकी CSC Center (Common Service Center) के माध्यम से
ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों के लिए यह सबसे सुरक्षित और व्यावहारिक तरीका है। ऑनलाइन पोर्टल पर कोई भी गलती होने से फॉर्म निरस्त हो सकता है, इसलिए आप अपने गांव के डिजिटल सेवा केंद्र (CSC Center) पर जाकर यह काम आसानी से करवा सकते हैं:
- दस्तावेज लेकर केंद्र जाएं: अपने सभी जरूरी दस्तावेज (Aadhaar, Bank Passbook, Land Documents, Ration Card) लेकर नजदीकी CSC केंद्र पर जाएं।
- पात्रता की ऑनलाइन जांच: CSC ऑपरेटर अपने डिजिटल सेवा पोर्टल के माध्यम से आपके क्षेत्र के लिए खुले नए Awas+ Survey या वर्तमान प्रतीक्षा सूची में आपका स्टेटस चेक करेगा।
- विवरण अपलोड करना: ऑपरेटर आपकी सभी जानकारियों को आधिकारिक AwaasSoft पोर्टल पर सावधानीपूर्वक भरेगा और आवश्यक दस्तावेजों को स्कैन करके अपलोड करेगा।
- आवेदन रसीद प्राप्त करें: प्रक्रिया पूरी होने के बाद CSC संचालक से अपने आवेदन की Acknowledgement Receipt (रसीद) अवश्य लें, जिस पर आपका अस्थाई रजिस्ट्रेशन नंबर लिखा होगा।
तरीका 2: ग्राम पंचायत / ग्राम सेवक के माध्यम से (ऑफलाइन)
आप अपनी ग्राम पंचायत के सचिव (Gram Sevak) या ग्राम रोजगार सेवक से संपर्क करके नया आवेदन फॉर्म प्राप्त कर सकते हैं। फॉर्म भरकर सभी जरूरी दस्तावेजों की फोटोकॉपी के साथ ग्राम पंचायत कार्यालय में जमा कर दें। इसके बाद आपकी ग्राम सभा द्वारा आपके भौतिक मकान की स्थिति का सत्यापन किया जाएगा और योग्य पाए जाने पर आपका नाम पोर्टल पर दर्ज कर दिया जाएगा।
PM Gharkul Yojana 2024: Check Beneficiary List Online (स्टेप-बाय-स्टेप गाइड)
अगर आपने इस योजना के लिए पहले ही आवेदन किया था और आप देखना चाहते हैं कि वर्ष 2026 की नई जारी सूची में आपका नाम है या नहीं, तो आप खुद भी अपने मोबाइल या कंप्यूटर की मदद से नीचे बताए गए चरणों का पालन करके लिस्ट चेक कर सकते हैं:
चरण 1: आधिकारिक ग्रामीण आवास पोर्टल पर जाएं
सबसे पहले भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट pmayg.nic.in या रिपोर्टिंग वेबसाइट rhreporting.nic.in पर विजिट करें।
चरण 2: ‘Awassoft’ और ‘Reports’ विकल्प चुनें
वेबसाइट के मुख्य होमपेज पर ऊपर दिख रहे मेनू बार में ‘Awassoft’ के विकल्प पर जाएं। वहां दिखाई देने वाले ड्रॉपडाउन मेनू से ‘Reports’ पर क्लिक करें।
चरण 3: Beneficiary Details for Verification पर क्लिक करें
अब आपके सामने एक नया पेज खुलेगा। यहां आपको सबसे नीचे ‘H. Social Audit Reports’ सेक्शन में जाना होगा। उसके ठीक नीचे लिखे ‘Beneficiary Details for Verification’ वाले लिंक पर क्लिक करें।
चरण 4: अपने राज्य और ग्राम पंचायत का चयन करें
अब आपके सामने एक फिल्टर बॉक्स आएगा, जहां आपको निम्नलिखित जानकारियों को सही-सही चुनना होगा:
- अपना State (जैसे Maharashtra, Bihar, Uttar Pradesh आदि)।
- अपना District (जिला)।
- अपना Block/Taluka (प्रखंड)।
- अपनी Gram Panchayat (ग्राम पंचायत)।
- इसके बाद संबंधित वर्ष (जैसे 2025-2026 या 2026-2027) और योजना का नाम ‘Pradhan Mantri Awaas Yojana Gramin’ चुनें।
चरण 5: कैप्चा भरकर लिस्ट देखें
दिए गए गणितीय कैप्चा कोड (जैसे: 55 – 15 = 40) को हल करके बॉक्स में भरें और ‘Submit’ बटन पर क्लिक करें। तुरंत आपकी ग्राम पंचायत के सभी स्वीकृत लाभार्थियों की सूची स्क्रीन पर आ जाएगी। आप इस सूची में अपना नाम ढूंढ सकते हैं और इसे ‘Download PDF’ बटन पर क्लिक करके अपने पास सुरक्षित रख सकते हैं।
घरकुल योजना आवेदन और भुगतान का स्टेटस कैसे चेक करें? (Check Application Status)
यदि आपका नाम लिस्ट में आ चुका है और आप देखना चाहते हैं कि आपकी पहली, दूसरी या तीसरी किस्त का पैसा बैंक खाते में आया है या नहीं, तो नीचे दिए गए चरणों को अपनाएं:
- आधिकारिक वेबसाइट pmayg.nic.in पर जाएं।
- होमपेज के मुख्य मेनू में ‘Stakeholders’ वाले विकल्प पर जाएं और वहां से ‘IAY/PMAYG Beneficiary’ को चुनें।
- अब सामने खुले बॉक्स में अपना 12 या 13 अंकों का Registration Number (पंजीकरण संख्या) दर्ज करें और ‘Submit’ पर क्लिक करें।
- आपके सामने आपके आवेदन का पूरा विवरण आ जाएगा, जिसमें आपकी स्वीकृत राशि, घर की वर्तमान फोटो (Geo-tagging) और भुगतान का FTO (Fund Transfer Order) स्टेटस दिखाई देगा।
निष्कर्ष और आपके लिए सलाह
PM Gharkul Yojana ग्रामीण भारत के बेघर और गरीब परिवारों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने का एक बेहद ऐतिहासिक और सफल प्रयास है। वर्तमान वर्ष 2026 में, PMAY-G 2.0 के क्रियान्वयन के कारण नए लाभार्थियों के नाम जोड़ने और वित्तीय सहायता जारी करने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। यदि आप भी इस योजना के तहत अपना नया पक्का घर बनाना चाहते हैं, तो हमारी आपको यही सलाह है कि आप बिना किसी देरी के अपने नजदीकी CSC केंद्र (Common Service Center) पर जाएं। वहां के जो संचालक भैया (VLE) होते हैं, वे बेहद मामूली सेवा शुल्क पर आपको इस योजना की सूची में आपका नाम खोजकर दे देंगे, और यदि नाम नहीं होगा तो नए सर्वे में नाम जुड़वाने की सही तकनीकी राह दिखाएंगे। खुद के पक्के आशियाने के इस सपने को साकार करने के लिए आज ही पहला कदम उठाएं!
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. PMAY-G और Gharkul Yojana में क्या अंतर है?
वास्तव में इन दोनों में कोई बुनियादी अंतर नहीं है। केंद्र सरकार की “Pradhan Mantri Awas Yojana – Gramin” (PMAY-G) को ही महाराष्ट्र जैसे राज्यों में लोक भाषा में “Gharkul Yojana” कहा जाता है। इसके अलावा, महाराष्ट्र सरकार अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के लिए राज्य स्तर पर ‘रमाई आवास योजना’ और ‘शबरी आवास योजना’ भी चलाती है, जिन्हें संयुक्त रूप से घरकुल योजना के रूप में ही जाना जाता है।
2. घरकुल योजना के तहत लाभार्थी को कुल कितनी आर्थिक सहायता मिलती है?
समतल मैदानी इलाकों में घर बनाने के लिए Rs. 1,20,000 और कठिन/पहाड़ी क्षेत्रों के लिए Rs. 1,30,000 की सब्सिडी दी जाती है। इसके साथ ही, स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय के लिए अलग से Rs. 12,000 और मनरेगा के तहत लगभग 95 दिनों की अकुशल मजदूरी (जो राज्य अनुसार लगभग Rs. 20,000 से Rs. 23,000 होती है) अतिरिक्त मिलती है। यानी कुल मिलाकर लाभार्थी को करीब 1.50 लाख रुपये का फायदा मिलता है।
3. यदि मेरे पास घर बनाने के लिए खुद की जमीन नहीं है, तो क्या मुझे योजना का लाभ मिलेगा?
हां, बिल्कुल। जिन परिवारों के पास खुद की जमीन नहीं है, उन्हें सरकार भूमिहीन लाभार्थियों (Landless Beneficiaries) की श्रेणी में रखती है। महाराष्ट्र में “Pandit Dindayal Land Purchase Yojana” जैसी योजनाओं के माध्यम से भूमिहीन परिवारों को घरकुल का मकान बनाने के लिए जमीन खरीदने हेतु अलग से वित्तीय सहायता (Rs. 50,000 तक) प्रदान की जाती है।
4. मुझे मेरा पीएम आवास/घरकुल रजिस्ट्रेशन नंबर कैसे मिल सकता है?
जब आपका नाम ग्राम सभा द्वारा स्वीकृत होकर AwaasSoft पोर्टल पर दर्ज होता है, तो एक 12 या 13 अंकों का विशिष्ट रजिस्ट्रेशन नंबर जारी होता है。 आप अपने ग्राम पंचायत सचिव (ग्राम सेवक) से यह नंबर प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा, आप ऑनलाइन लिस्ट में अपने नाम के आगे क्लिक करके भी अपना रजिस्ट्रेशन नंबर ढूंढ सकते हैं।
5. घरकुल योजना की किस्तों का पैसा सीधे बैंक खाते में आने में कितना समय लगता है?
जैसे ही आपके घर के किसी विशेष चरण का निर्माण पूरा होता है (जैसे नींव, प्लिंथ या छत), ब्लॉक अधिकारियों द्वारा उसका जियो-टैगिंग (Geo-tagging) फोटो खींचा जाता है। फोटो पोर्टल पर अपलोड होने के 7 से 15 कार्य दिवसों के भीतर फंड ट्रांसफर ऑर्डर (FTO) जेनरेट हो जाता है और सीधे आपके आधार लिंक बैंक खाते में पैसे भेज दिए जाते हैं。
6. क्या मैं घरकुल योजना के पैसे से पक्के मकान के ऊपर दूसरी मंजिल बना सकता हूँ?
नहीं, यह योजना विशेष रूप से उन गरीब परिवारों के लिए है जिनके पास रहने के लिए कोई पक्का घर नहीं है। इसका उद्देश्य जमीन पर पहली बार एक नया पक्का बुनियादी घर (25 वर्ग मीटर) बनाना है। पहले से बने पक्के मकान पर दूसरी मंजिल बनाने के लिए इस योजना के तहत फंड जारी नहीं किया जाता है。
7. यदि मेरा आवेदन गलत कारणों से खारिज (Reject) हो गया है, तो मैं क्या करूँ?
यदि आपके पास पक्का मकान नहीं है और आप सभी पात्रता शर्तें पूरी करते हैं, फिर भी आपका नाम हटा दिया गया है, तो आप अपने तालुका/ब्लॉक के पंचायत समिति कार्यालय में जाकर ब्लॉक विकास अधिकारी (BDO) के पास लिखित शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा, आप राज्य के लोक शिकायत निवारण पोर्टल या केंद्रीय CPGRAMS पोर्टल पर भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकते हैं。
8. क्या इस योजना के तहत आवेदन करने के लिए कोई फीस देनी होती है?
नहीं, यह पूर्णतः निःशुल्क और भ्रष्टाचार मुक्त सरकारी योजना है। किसी भी सरकारी अधिकारी या दलाल को पैसे देने की आवश्यकता नहीं है। यदि आप अपने नजदीकी CSC सेंटर से ऑनलाइन लिस्ट चेक कराते हैं या दस्तावेज स्कैन करवाते हैं, तो केवल मामूली सर्विस चार्ज (जो सरकार द्वारा निर्धारित है) ही देना पड़ता है।